पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क की ऐतिहासिक भारत यात्रा, पीएम मोदी से उच्चस्तरीय कूटनीतिक वार्ता
16 वर्षों बाद किसी पोलिश प्रधानमंत्री का भारत दौरा; रक्षा तकनीक, ऊर्जा और आपूर्ति श्रृंखला साझेदारी पर बनी सहमति।
नई दिल्ली:

अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और वैश्विक व्यापार से जुड़ी Poland PM Donald Tusk India Visit और Narendra Modi Diplomatic Bilateral Talks की खबरें National News Hindi में सबसे ऊपर ट्रेंड कर रही हैं। पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचे हैं, जो पिछले 16 वर्षों में किसी पोलिश प्रधानमंत्री का पहला भारत दौरा है। हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के पीएम टस्क के बीच द्विपक्षीय वार्ता का आयोजन किया गया, जिसमें यूक्रेन संघर्ष, मध्य पूर्व की स्थिति, रक्षा औद्योगिक सहयोग और भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर विस्तृत चर्चा हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने दोहराया कि चाहे यूक्रेन हो या मध्य पूर्व, भारत शांति स्थापना के हर सार्थक वैश्विक प्रयास का मजबूती से समर्थन करेगा। दोनों देशों ने आईटी, रक्षा विनिर्माण, हरित तकनीक और खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारी को गहरा करने के लिए कई अहम ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए। यूरोपीय संघ में पोलैंड के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए यह यात्रा भारत-यूरोप आर्थिक संबंधों को नई गति देने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर मानी जा रही है।16 वर्षों बाद किसी पोलिश प्रधानमंत्री का भारत दौरा; रक्षा तकनीक, ऊर्जा और आपूर्ति श्रृंखला साझेदारी पर बनी सहमति।
नई दिल्ली:
अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और वैश्विक व्यापार से जुड़ी Poland PM Donald Tusk India Visit और Narendra Modi Diplomatic Bilateral Talks की खबरें National News Hindi में सबसे ऊपर ट्रेंड कर रही हैं। पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचे हैं, जो पिछले 16 वर्षों में किसी पोलिश प्रधानमंत्री का पहला भारत दौरा है। हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के पीएम टस्क के बीच द्विपक्षीय वार्ता का आयोजन किया गया, जिसमें यूक्रेन संघर्ष, मध्य पूर्व की स्थिति, रक्षा औद्योगिक सहयोग और भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर विस्तृत चर्चा हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने दोहराया कि चाहे यूक्रेन हो या मध्य पूर्व, भारत शांति स्थापना के हर सार्थक वैश्विक प्रयास का मजबूती से समर्थन करेगा। दोनों देशों ने आईटी, रक्षा विनिर्माण, हरित तकनीक और खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारी को गहरा करने के लिए कई अहम ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए। यूरोपीय संघ में पोलैंड के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए यह यात्रा भारत-यूरोप आर्थिक संबंधों को नई गति देने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर मानी जा रही है।
